सुनहरी चमत्कारी संख्या
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Abstract
मानव जीवन संख्याओं से जुड़ा है जन्म लेते ही जन्मतिथि, जन्म का समय, भार, तापमान न जाने कितनी और बातें जितनी मानव से जुड़ जाती हैं उतनी संख्याओं से भी| लगता है संख्याएं और मानव एक दूसरे के लिए बने हैं। मानव के लिए संख्याएं डी है और अशुभ भी। क्या कोई अशुभ संख्याओं से जुड़ना चाहता है, कदापि नहीं। परीक्षार्थी भी परीक्षा के अनुक्रमांक के अंकों को जोड़कर हैं कि संख्या दो से विभाजित होती है अथवा नहीं | यदि हां तो निश्चित सफलता वरना असफलता| आजकल मानव के लिए अपने दूरभाष, वाहन इत्यादि के लिए भी विशेष शुभकारी नम्बरों के लिए अधिक धन व्यय करना आम बात है| विशिष्ट नम्बरों के लिए अतिरिक्त धन के साथ-साथ प्रतीक्षा भी करनी पड़ती है। आजकल मानव के नाम से कम, उसके वाहन, मोबाइल फोन के नम्बरों से अधिक जाना और पहचाना जाता है|
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How to Cite
1.
शर्माए. सुनहरी चमत्कारी संख्या. ANSDN [Internet]. 24Jul.2013 [cited 22Mar.2026];1(01):221-2. Available from: https://anushandhan.in/index.php/ANSDHN/article/view/1648
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